गढ़वा के एक सरकारी स्कूल में एक छात्र ने कक्षा के दौरान अश्लील नृत्य प्रदर्शन किया, जिसकी सूचना संबंधित शोधकर्ता विद्यालय को मिली। शिक्षा विभाग ने इस सूचना पर तुरंत जाँच शुरू की।

जांच के पश्चात पता चला कि नृत्य के दौरान समलैंगिक वयस्क भाषा और अनियंत्रित शारीरिक संपर्क दिखाया गया था, जो विद्यालय के अनुशासन और शैक्षणिक मानकों के विरुद्ध है। इसके साथ ही, हेडमास्टर को मौखिक चेतावनी के बजाय निलंबन का आदेश दिया गया, ताकि वह स्वयं को संवार सकें।

इसके साथ ही, विद्यालय के दो शिक्षक—एक अभिभावक और एक शिक्षक—को भी अनुशासनात्मक कार्रवाई से निपटाया गया, जिनकी सेवाएँ स्थानिक व्यवस्था और शैक्षणिक नीति के उल्लंघन के कारण समाप्त कर दी गईं। शिक्षा विभाग ने कहा कि स्कूल के अंदर अनुशासन और शुद्धता की रक्षा के लिए यह कदम अनिवार्य था।

अधिकारियों ने कहा कि भविष्य में ऐसे किसी भी अनुचित व्यवहार को रोकने के लिए नजदीकियों से निगरानी बढ़ाई जाएगी और शिक्षक-छात्र संवाद को सुदृढ़ किया जाएगा। विद्यालय ने भी छात्रवृत्ति कार्यक्रमों और व्यवहार प्रसंगों के लिए नए मार्गदर्शक नियम लागू करने का निर्णय लिया है।