गढ़वा के रमकंडा में रविवार को रामनवमी के जुलूस के समय, पथराव के कार्य सामने आए। जुलूस चलते समय जमीनी हिस्से पर पथराव के कण फेंके गए, जिससे भक्तों और आयोजकों में हलचल हुई।

पुलिस ने तुरंत स्थिति पर नियंत्रण पाने के लिए आंसू गैस के गोले दागे। पुलिस बल का यही उपाय है ताकि पथराव करने वाले समूह को रोका जा सके और समारोह का सामान्य प्रवाह बना रहे।

साथ ही, जुलूस के आसपास कार्यरत कुछ मीडिया कर्मियों पर भी लाठीचार्ज की गई। यह घटना छायांकन के दौरान चरम तनाव के कारण उत्पन्न हुई, जिससे कैमरा क्रू की सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं।

वर्तमान में पुलिस प्रमुखों ने सुझाव दिया है कि जुलूस के आगे किसी भी तरह के पथराव को रोकने के लिये भीड़ नियंत्रण टीम को मजबूत किया जाए और मीडिया कर्मियों के लिये विशेष सुरक्षा प्रबंध स्थापित किया जाए। अगले कुछ दिनों में मामले की जाँच के लिये जांच दल भी कार्यरत होगा।